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कब्रिस्तान में थी कादर खान की पाठशाला, हर रात घरवालों से छिपकर जाते और फिर एक रात बदल गया सब कुछ

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Source :- LIVE HINDUSTAN

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कादर खान ना सिर्फ शानदार एक्टर थे बल्कि एक जबरदस्त राइटर भी। उनके लिखे गए कई डायलॉग्स ने दर्शकों का दिल जीता है। अब हम आपको उनकी लाइफ का एक दिलचस्प किस्सा बताने वाले हैं।

कई एक्टर्स ऐसे हैं जिन्होंने लाइफ में काफी स्ट्रगल करके करियर बनाया है। आज हम आपको एक ऐसे एक्टर के बारे में बताने वाले हैं जिसका कब्रिस्तान से ऐसा कनेक्शन है जिसके बारे में जानकर आप हैरान हो जाएंगे। ये एक्टर हर रात को कब्रिस्तान जाता था और एक रात उनके साथ कुछ ऐसा हुआ कि उनकी लाइफ ही बदल गई।

काबुल से भारत आए कादर खान

दरअसल, कादर खान का जन्म काबुल, अफगानिस्तान में हुआ था। जब कादर 6 महीने के थे तब उनका परिवार भारत शिफ्ट हो गया था। बॉम्बे में वह बड़े हुए और कई मुश्किलों का सामना करने के बाद भी वह प्रोफेसर बन गए और सिविल इंजीनियर पढ़ाने के लिए। लेकिन उनका सपना स्टेज था।

कब्रिस्तान क्यों जाते थे कादर खान

क्या आप जानते हैं कि कादर खान के घर के पास कब्रिस्तान था। उनकी मां उन्हें पढ़ने के लिए मस्जिद भेजती थीं, लेकिन वह वहां से भागकर कब्रिस्तान चले जाते थे। इतना ही नहीं वह रात को कब्रिस्तान में जाते और वहां प्रैक्टिस करते। कभी-कभी वह वहां ही पढ़ाई करते थे।

एक रात कब्रिस्तान में क्या हुआ

एक रात जब वह कब्रिस्तान में प्रैक्टिस कर रहे थे तो उनके चेहरे पर टॉर्च की लाइट पड़ी। कादर पर जिसने टॉर्च की लाइट मारी वह थे अशरफ खान। अशरफ को कादर से पूछा कि यहां क्या कर रहे तो कादर ने कहा कि वह यहां रियाज कर रहे हैं। अशरफ उनसे इतना इम्प्रेस हुए कि उन्होंने कादर को नाटकों में काम करने की सलाह दी। कादर ने फिर ऐसे एक्टिंग में कदम रखा।

मुकद्दर का सिकंदर में दिखाया अपने जीवन का किस्सा

1977 में रिलीज हुई मुकद्दर का सिकंदर आपने देखी होगी। इस फिल्म के एक सीन था जिसमें बच्चा कब्रिस्तान में जाकर रोता है और उसकी मुलाकात एक फकीर से होती है। कादर ने फिर खुद एक इंटरव्यू में बताया था कि ये उनकी लाइफ का असली किस्सा है।

एक्टर के अलावा राइटर भी थे कादर खान

कादर ना सिर्फ शानदार एक्टर और प्रोड्यूसर बल्कि अच्छे राइटर भी थे। उन्होंने जवानी दीवानी फिल्म से राइटिंग शुरू की थी। फिल्म में रणधीर कपूर और जया भादुरी लीड रोल में थे।

अमिताभ की कई फिल्मों के लिए लिखे डायलॉग्स

इसके अलावा उन्होंने मनमोहन देसाई और राजेश खन्ना की फिल्म रोटी के भी डायलॉग लिखे थे। कादर खान ने 22 फिल्मों की स्क्रिप्ट लिखी थी जिसमें अमिताभ बच्चन के अमर अकबर एंथनी, शराबी, लावारिस, सत्ते पे सत्ता और अग्निपथ शामिल है।

गोविंदा के साथ खूब दी हिट फिल्में

कादर खान ने गोविंदा के साथ भी कई हिट मूवीज दी हैं जिसमें हीरो नंबर, 1, आंटी नंबर 1, कुली नंबर 1, अनारी नंबर 1 और आंटी नंबर 1 शामिल है। दोनों के डायलॉग्स और कैमिस्ट्री सभी को काफी पसंद आई थी।

पद्मश्री अवॉर्ड से हुए थे सम्मानित

कादर खान को उनके योगदान के लिए कई फिल्मफेयर अवॉर्ड्स मिले हैं। इसके अलावा उन्हें पद्मश्री अवॉर्ड से भी सम्मानित किया गया है।

कादर खान की आखिरी फिल्म मस्ती नहीं सस्ती थी जो साल 2017 में रिलीज हुई थी। वहीं बतौर स्क्रीनराइटर उनकी लास्ट फिल्म ये रास्ते हैं प्यार के शामिल है। इस फिल्म में अजय देवगन, माधुरी दीक्षित और प्रीति जिंटा लीड रोल में थे।

कादर खान ने सिनेमा में कई बेहतरीन परफॉर्मेंस, बतौर राइटर शानदार काम किया, लेकिन 81 की उम्र में 2018 में उनका कनाडा में निधन हो गया था।

SOURCE : LIVE HINDUSTAN