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अनुच्छेद 370 प्रदर्शन में अधिकारी पर कथित हमले के आरोप में इल्तिजा मुफ्ती पर पुलिस केस

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श्रीनगर पुलिस ने पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी (PDP) की नेता इल्तिजा मुफ्ती के खिलाफ हमला, दंगा और लोक सेवकों के काम में बाधा डालने समेत कई आरोपों में प्रथम सूचना रिपोर्ट (FIR) संख्या 63/2026 दर्ज की है। यह मामला 4 अगस्त को रात 9:00 बजे रेजीडेंसी रोड स्थित PDP कार्यालय के पास आयोजित विरोध प्रदर्शन से जुड़ा है, जिसका नेतृत्व इल्तिजा मुफ्ती और उनकी मां, PDP अध्यक्ष महबूबा मुफ्ती ने किया था।

## FIR का विवरण और आरोप

FIR में इल्तिजा मुफ्ती और अन्य PDP कार्यकर्ताओं पर कई अपराधों के आरोप लगाए गए हैं:

– **धारा 132**: किसी लोक सेवक को उसके कर्तव्य से रोकने के लिए हमला करना या आपराधिक बल का इस्तेमाल करना
– **धारा 121**: किसी लोक सेवक को उसके कर्तव्य से रोकने के लिए स्वेच्छा से चोट पहुंचाना
– **धारा 191(2)**: दंगा

पुलिस के अनुसार, प्रदर्शनकारियों ने रेजीडेंसी रोड को अवरुद्ध करने, लाल चौक की ओर मार्च करने, लगाए गए बैरिकेड्स को तोड़ने और कानून-व्यवस्था बनाए रखने में तैनात सुरक्षाकर्मियों के काम में बाधा डालने का प्रयास किया।

## घटनाक्रम

अधिकारियों का दावा है कि विरोध प्रदर्शन रेजीडेंसी रोड स्थित PDP कार्यालय के पास शुरू हुआ। रात करीब 9 बजे, महबूबा मुफ्ती और इल्तिजा मुफ्ती समेत पार्टी के वरिष्ठ नेताओं ने कथित तौर पर कार्यकर्ताओं का नेतृत्व करते हुए उन्हें मुख्य सड़क पर पहुंचाया। पुलिस का कहना है कि प्रदर्शनकारियों को सड़क पर जाने से रोकने के लिए बार-बार चेतावनी दी गई, लेकिन कथित तौर पर इसे नजरअंदाज किया गया।

इसके बाद झड़पें हुईं। आरोप है कि प्रदर्शनकारियों ने पुलिस अधिकारियों को धक्का दिया और उनके साथ हाथापाई की, जिससे वे अपने कर्तव्यों का पालन नहीं कर सके। FIR में कहा गया है कि झड़पों में कई अधिकारी घायल हुए।

## हमले के आरोप का विवरण

पुलिस का आरोप है कि झड़प के दौरान इल्तिजा मुफ्ती ने एक अधिकारी को पकड़कर उसकी बांह पर काट लिया, जिससे खून बहने लगा। घायल अधिकारी को तुरंत अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां मानक प्रोटोकॉल के तहत उनके घाव का उपचार किया गया, टिटनेस से बचाव की दवा दी गई और टीकाकरण किया गया।

## घटना के बाद की कार्रवाई और कार्यवाही

घटना के बाद कानून-प्रवर्तन एजेंसियों ने चिकित्सीय साक्ष्य जुटाए। चोट से संबंधित प्रमाणपत्र प्राप्त किए गए, गवाहों के बयान दर्ज किए गए और घटनास्थल के लिए एक जांच अधिकारी नियुक्त किया गया।

इल्तिजा मुफ्ती को समन जारी किया गया है, जिसमें उन्हें जांच में सहयोग करने के लिए शुक्रवार को पुलिस स्टेशन कोठीबाग में उपस्थित होने का निर्देश दिया गया है।

## पुलिस का पक्ष और PDP की प्रतिक्रिया

पुलिस ने इल्तिजा के कथित कृत्यों—लोक सेवक पर हमला करने और उसके कर्तव्य में बाधा डालने—को गंभीर अपराध बताया है, जिन पर कानूनी कार्रवाई की आवश्यकता है। जांच जारी है और दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ कानून के तहत कार्रवाई की जाएगी।

दूसरी ओर, PDP ने आरोपों को खारिज कर दिया है। पार्टी का कहना है कि उसके नेता और समर्थक शांतिपूर्ण तरीके से विरोध प्रदर्शन करने के अपने लोकतांत्रिक अधिकार का प्रयोग कर रहे थे।

## संदर्भ: अनुच्छेद 370 को लेकर जुलाई-अगस्त में हुए विरोध प्रदर्शन

यह FIR अनुच्छेद 370 के निरसन की सातवीं वर्षगांठ के अवसर पर PDP द्वारा आयोजित विरोध प्रदर्शन के बाद दर्ज की गई है। पार्टी ने यह भी आरोप लगाया कि 5 अगस्त से पहले प्रशासन की ओर से प्रतिबंध लगाए गए थे। शेर-ए-कश्मीर पार्क में आयोजित विरोध प्रदर्शन के बाद कथित तौर पर बैरिकेड्स तोड़ने और सड़कों को अवरुद्ध करने के प्रयास किए गए।

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