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वियतनाम युद्ध से तुलना कर ईरान ने अमेरिका का उड़ाया मजाक, क्या है ‘फाइव ओ क्लॉक फॉलीज’?

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Source :- LIVE HINDUSTAN

ईरानी विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने अमेरिका से चल रहे युद्ध की तुलना वियतनाम युद्ध से कर दी है और कहा है कि अमेरिका के बयान वास्तविकता से एकदम परे हैं। उन्होंने कहा कि अमेरिका के बयान फाइव ओ क्लॉक फॉलीज की तरह ही हैं।

ईरान के विदेश मंत्री सैयद अब्बास अराघची ने वियतनाम युद्ध का जिक्र करते हुए अमेरिका पर तंज कसा है। उन्होंने डोनाल्ड ट्रंप के बयानों की तुलना वियतनाम युद्ध के दौरान की जाने वाली प्रेस ब्रीफिंग से कर दी है। अराघची ने कहा कि अमेरिका जो भी दावे कर रहा है वे जमीनी हकीकत से एकदम अलग हैं। अराघची ने सोशल मीडिया पर लिखा कि वियतनाम युद्ध के दौरान भी अमेरिका ने इसी तरह का अति आत्मविश्वास दिखाया था।

उन्होंने कहा, वियतनाम युद्ध के दौरान अमेरिका की जमीन पर हालत खराब हो गई थी। अमेरिकी अभी भूले नहीं हैं कि किस तरहसे सैकड़ों अमेरिकी सैनिक रोज मारे जा रहे थे तब भी जनरल विलियम वेस्टमोरेलंड को वापस बुला लिया गया और अमेरिकियों को बहकाने की कोशिश की गई कि युद्ध बहुत अच्छा चल रहा है और अमेरिका जीत की ओर है। उन्होंने कहा, अमेरिका की काल्पनिक प्रेस ब्रीफिंग आज भी ‘फाइव ओ क्लॉक फॉलीज’ के नाम से कुख्यात हैं।

क्या है फाइव ओ क्लॉक फॉलीज

वियतनाम युद्ध के दौरान रोज शाम को 5 बजे अमेरिकाकी साइगॉन में प्रेस ब्रीफिंग होती थी। इस ब्रीफिंग में अमेरिका की जीत और सकारात्मक परिणाम बताने के लिए कथित तौर पर झूठ का सहारा लिया जाता था। 1950 से 70 के दशक तक यह ब्रीफिंग होती थी।

बता दें कि 6 दशक पहले अमेरिका ने दक्षिण वियनताम की सरकार के साथ क्युनिस्ट नॉर्थ वियतनाम के खिलाफ युद्ध छेड़ दिया था। वहीं उत्तर वियतनाम के लड़ाकों ने गुरिल्ला युद्ध लड़ा जिसने अमेरिका के छक्के छुड़ा दिए। जनवरी 1968 ने नॉर्थ वियतनाम ने विजय की घोषणा कर दी। बाद में अमेरिका को पीछे हटना पड़ा। बताया गया कि इस युद्ध में 58 हजार से ज्यादा अमेरिकी मारे गए।

अराघची ने कहा, आज भी वही हाल है। हेगसेथ मीडिया के सामने आते हैं और ऐसे दावे करते हैं जो कि असलियतक से एकदम अलग हैं । अमेरिका की सेना जो कुछ भी कहती है उसका वास्तविकता से कोई लेना देना नहीं है। अमेरिका दावा करता है कि ईरान की सुरक्षा धराशायी हो गई और तभी एफ-35 पर हमला हो जाता है। ईरान की नौसेना को ध्वस्त बताया जाता है और तभी एएसएस गेराल्ड वापस लौट जाता है और यूएसएस अब्राहम लिंकन को दूर हटा लिया जाता है। इसपर भी अमेरिका दावा करता है कि वह जीत रहा है।

बता दें कि हेगसेथ ने प्रेस ब्रीफिंग में कहा था कि राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप फोकस्ड हैं। वह जानते हैं कि क्या बेहतर है। उन्होने कहा, मैं उन लोगों में हूं जिन्होंने इराक और अफगानिस्तान में लड़ाई लड़ी। बुश, ओबामा और बाइडेन जैसे नेताओं को अमेरिका की विश्वसनीयता खराब करते देखा है। मीडिया बताना चाहता है कि यह युद्ध अंतहीन हो गया है। हालांकि इसमें कोई सच्चाई नहीं है। अमेरिका जीत की ओर है।

SOURCE : LIVE HINDUSTAN