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केमिकल से पका हुआ पपीता तो नहीं खा रहे आप? किसान ने बताया 1 मिनट में कैसे पहचानें!

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Source :- LIVE HINDUSTAN

Fake Papaya Identification: आजकल मार्केट में केमिकल से पके हुए पपीते काफी आने लगे हैं। हेल्दी समझकर अगर आप इन्हें खा रहे हैं, तो सेहत के साथ खिलवाड़ ही कर रहे हैं। यहां हम नें कुछ आसान तरीके बताए हैं, जिनसे आप असली-नकली पपीते की पहचान तुरंत कर सकते हैं।

गर्मियों में पपीता खाना लोग खूब पसंद करते हैं। पानी से भरपूर ये फल पेट के लिए भी काफी अच्छा होता है। हालांकि ऐसा अक्सर होता है जब हम बाजार से पका हुआ पपीता ले कर आते हैं, लेकिन असल में वो नेचुरली नहीं बल्कि केमिकल से पकाया हुआ होता है। ये फायदा कुछ नहीं करता, उल्टा आपकी सेहत के लिए काफी खतरनाक साबित होता है। चिंता की बात ये है कि आजकल बाजार में ये केमिकल वाले पपीते काफी मात्रा में आने लगे हैं और इनकी पहचान करना भी मुश्किल लगता है। ये देखने में मीठे और पके हुए लगते हैं, इसलिए ज्यादातर लोग इन्हें बिना ज्यादा सोचे-समझें खरीद लेते हैं। आप ये गलती ना करें, इसके लिए कुछ छोटी-छोटी टिप्स जाननी जरूरी हैं। नेचुरली पके पपीते की पहचान करने में ये आपकी मदद करेंगी।

पपीते का रंग और टेक्सचर चेक करें

नेचुरल तरीके से पके हुए पपीते को आप रंग देखकर पहचान सकते हैं। ये हल्का पीले और नारंगी रंग का होता है। इसपर हल्के धब्बे और हरा रंग दिखना नॉर्मल है। वहीं केमिकल से पका हुआ पपीता जरूरत से ज्यादा चमकदार होता है और उसपर दाग धब्बे भी कम होते हैं। कई बार इसमें गहरे हरे और पीले रंग के पैच भी दिखते हैं, जो नेचुरल नहीं लगते। ऐसा इसलिए क्योंकि इन्हें पकाने के लिए केमिकल्स जैसे कैल्शियम कार्बाइड का इस्तेमाल किया जाता है।

खुशबू से करें सही पपीते की पहचान

खुशबू से भी आप असली और नकली पपीते की पहचान आसानी से कर सकते हैं। नेचुरली पके हुए पपीते में मिठास भरी हल्की सी फ्रूटी स्मेल आती है। खरीदते समय आप इसके डंठल वाले हिस्से के सूंघकर देख सकते हैं, तुरंत पता लग जाएगा। वहीं केमिकल से पके हुए पपीते में या तो खुशबू आती ही नहीं या फिर काफी तेज और आर्टिफिशियल गंध आती है।

पपीते को छू कर चेक करें

पपीते को छू कर भी काफी हद तक अंदाजा लगाया जा सकता है कि वो नेचुरली पका हुआ है या नहीं। केमिकल से पका हुआ पपीता अक्सर बाहर से तो सॉफ्ट होता है, लेकिन अंदर से वो सख्त हो सकता है। वहीं नेचुरली पका हुआ पपीता छूने पर हल्का सा नर्म होता है लेकिन बिल्कुल पिचकता नहीं। अगर पपीता कहीं कहीं से ज्यादा सॉफ्ट है और कहीं कहीं एकदम सख्त है, तो इसे खरीदने से बचें। ये केमिकल से पका हुआ हो सकता है।

पानी में डुबोकर तुरंत पता लगाएं

ये छोटा सा टेस्ट भी आप कर के देख सकते हैं। एक बड़े बर्तन में पानी भरें और उसमें पपीता डाल दें। नेचुरली पका हुआ पपीता थोड़ा भारी होता इसलिए वो पानी में पूरी तरह बैठ जाएगा। वहीं अगर पपीता तैर कर ऊपर की तरफ आ रहा है, तो हो सकता है कि उसे केमिकल से पकाया गया हो या फिर इसके रंग और वजन बढ़ाने के लिए केमिकल यूज किया गया हो।

SOURCE : LIVE HINDUSTAN