Home व्यापार समाचार कोल इंडिया की कंपनी लेकर आ रही IPO, करीब 10.71 करोड़ शेयर...

कोल इंडिया की कंपनी लेकर आ रही IPO, करीब 10.71 करोड़ शेयर बेचने का है प्लान

8
0

Source :- LIVE HINDUSTAN

सेंट्रल माइन प्लानिंग एंड डिजायन इंस्टीट्यूट(CMPDI) के आईपीओ का इंतजार खत्म होने वाला है। आईपीओ में 10.71 करोड़ शेयरों की बिक्री का प्रस्ताव शामिल है, जिसमें सरकार और कोल इंडिया कंपनी में अपनी हिस्सेदारी का कुछ हिस्सा कम कर रही हैं।

Coal India arm CMPDI IPO: कोयला क्षेत्र की प्रमुख एडवाइजरी कंपनी सेंट्रल माइन प्लानिंग एंड डिजायन इंस्टीट्यूट(CMPDI) के आईपीओ का इंतजार खत्म होने वाला है। यह आईपीओ 20 मार्च को ओपन होकर 24 मार्च को क्लोज हो जाएगा। हालांकि, अभी तक आईपीओ का प्राइस बैंड, लॉट साइज और कुल इश्यू साइज घोषित नहीं किया गया है। बता दें कि यह कोल इंडिया की दूसरी कंपनी है जिसका आईपीओ आने वाला है। इससे पहले, कोल इंडिया की एक अन्य सब्सिडयरी भारत कोकिंग कोल (बीसीसीएल) भी जनवरी महीने में अपना 1,071 करोड़ रुपये का आईपीओ लेकर आई थी। बहरहाल, आइए आईपीओ डिटेल जान लेते हैं।

प्यार से लेकर प्रमोशन तक 2026 का पूरा हाल जानें ✨अभी पढ़ें

आईपीओ की डिटेल

सेंट्रल माइन प्लानिंग एंड डिजायन इंस्टीट्यूट आईपीओ में 10.71 करोड़ शेयरों की बिक्री का प्रस्ताव शामिल है, जिसमें सरकार और कोल इंडिया कंपनी में अपनी हिस्सेदारी का कुछ हिस्सा कम कर रही हैं। चूंकि यह इश्यू पूरी तरह से एक ऑफ-सेल्स (ओएफएस) है इसलिए CMPDI को इस प्रस्ताव से कोई आय प्राप्त नहीं होगी और जुटाई गई रकम बेचने वाले शेयरधारकों को जाएगी।

आईपीओ के आवंटन ढांचे के अनुसार लगभग 50 प्रतिशत हिस्सा क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स (QIBs) के लिए रिजर्व रहेगा। वहीं 35 प्रतिशत हिस्सेदारी रिटेल निवेशकों के लिए और कम से कम 15 प्रतिशत हिस्सा नॉन-इंस्टीट्यूशनल निवेशकों के लिए रखा जाएगा। इस इश्यू में शेयरहोल्डर और कर्मचारी आरक्षण की भी व्यवस्था होगी। खास बात यह है कि कोल इंडिया के मौजूदा शेयरधारक भी इस आईपीओ में विशेष शेयरहोल्डर कोटा के तहत आवेदन करने के पात्र होंगे।

कंपनी बीएसई और एनएसई दोनों पर अपने शेयर सूचीबद्ध करने की योजना बना रही है। फिलहाल इसकी संभावित लिस्टिंग तारीख 30 मार्च तय की गई है। इस इश्यू के लिए IDBI कैपिटल मार्केट्स को बुक-रनिंग लीड मैनेजर नियुक्त किया गया है, जबकि Kfin टेक्नोलॉजी रजिस्ट्रार की भूमिका निभाएगी।

कंपनी के बारे में

सेंट्रल माइन प्लानिंग एंड डिजायन इंस्टीट्यूट की स्थापना 1974 में हुई थी। भारत में यह कोयला और खनिज परामर्श क्षेत्र की सबसे बड़ी कंपनियों में से एक है और वित्त वर्ष 2025 में इसका बाजार हिस्सेदारी लगभग 61 प्रतिशत रही। मार्च 2025 तक कंपनी के पास भारत में कोयला और खनिज खोज के लिए सबसे बड़े ड्रिलिंग उपकरण बेड़ों में से एक था। वित्त वर्ष 2025 में CMPDI का राजस्व 2177 करोड़ रुपये रहा, जो एक साल पहले 1770 करोड़ रुपये था। इसी अवधि में कंपनी का नेट प्रॉफिट 503 करोड़ रुपये से बढ़कर 667 करोड़ रुपये हो गया। दिसंबर 2025 तक के नौ महीनों में कंपनी ने 1544 करोड़ रुपये का राजस्व और 425 करोड़ रुपये का मुनाफा दर्ज किया।

SOURCE : LIVE HINDUSTAN