Source :- LIVE HINDUSTAN
अमेरिकी ड्रोन लगभग तीन घंटे से होर्मुज स्ट्रेट और फारस की खाड़ी की निगरानी कर रहा था और लग रहा था कि वह इटली के नेवल एयर स्टेशन सिगोनेला की तरफ लौट रहा है। तभी अचानक यह हवा में ही गायब हो गया।
Iran US News: अमेरिकी नौसेना का एक सर्विलांस ड्रोन MQ 4C ट्रिटन अचानक से स्ट्रेट ऑफ होर्मुज के ऊपर से गायब हो गया। इससे ठीक पहले एयरक्राफ्ट ने इमरजेंसी अलर्ट जारी किया था, जिससे अमेरिकी नौसेना टेंशन में आ गई है। यह एयरक्राफ्ट अमेरिकी नेवी का अब तक का सबसे महंगा एयरक्राफ्ट है। अमेरिका और ईरान के बीच पिछले दिनों ही दो हफ्ते के लिए युद्धविराम पर सहमति बनी है, जिसके बाद होर्मुज स्ट्रेट खुलने का रास्ता साफ हो गया। हालांकि, ईरान इस पर टोल लगाने की योजना बना रहा है।
यह ड्रोन लगभग तीन घंटे से होर्मुज स्ट्रेट और फारस की खाड़ी की निगरानी कर रहा था और लग रहा था कि वह इटली के नेवल एयर स्टेशन सिगोनेला की तरफ लौट रहा है। तभी अचानक यह हवा में ही गायब हो गया। ऑनलाइन फ्लाइट ट्रैकिंग वेबसाइट फ्लाइटरडार24 के अनुसार, ड्रोन ने इमरजेंसी अलर्ट कोड 7700 भेजा और फिर ड्रोन ने ईरान की तरफ टर्न लिया। इस दौरान, वह थोड़ा नीचे की ओर उतरता भी दिख रहा है। कुछ देर बाद रडार से ड्रोन गायब हो गया। हालांकि, अभी तक यह साफ नहीं हो सका है कि ड्रोन क्रैश हुआ है या उसे मार गिराया गया या कुछ और वजह है, लेकिन इस घटना ने जरूर अमेरिका को टेंशन में डाल दिया है।
MQ-4C Triton की खासियतें
अमेरिकी नेवी का सर्विलांस ड्रोन, MQ-4C Triton अमेरिका का सबसे महंगा एयरक्राफ्ट है। MQ-4C Triton की कीमत $200 मिलियन से ज्यादा है, और इसे खाड़ी क्षेत्र के ऊपर अमेरिकी सेंट्रल कमांड के इलाके के लिए तैनात किया गया है। यह विमान अहम रास्तों पर लंबे समय तक रणनीतिक निगरानी करता है। इसे लगातार उड़ान भरने और बड़े पैमाने पर समुद्री निगरानी के लिए बनाया गया है। Triton एकमात्र ऐसा हाई-एल्टीट्यूड, लॉन्ग-एंड्योरेंस (HALE) समुद्री विमान है जो 50,000 फीट से ज्यादा की ऊंचाई पर 24 घंटे से अधिक समय तक उड़ान भर सकता है, और इसकी रेंज 7,400 नॉटिकल मील है।
होर्मुज पर ईरान की पकड़ कायम, एलएनजी टैंकर लौटा
वहीं, ‘निडी’ नामक बोत्सवाना ध्वज वाले एक तरलीकृत प्राकृतिक गैस (एलएनजी) टैंकर ने रिवोल्यूशनरी गार्ड द्वारा निर्धारित मार्ग से फारस की खाड़ी से बाहर निकलने का प्रयास किया था, लेकिन शुक्रवार तड़के जहाज अचानक मुड़कर वापस लौट आया, जिससे यह पता चलता है कि होर्मुज पर ईरान का नियंत्रण बना हुआ है। नौवहन से जुड़ी जानकारी उपलब्ध कराने वाली एक कंपनी ने यह सूचना दी। डेटा और एनालिटिक्स कंपनी ‘केप्लर’ के अनुसार, बृहस्पतिवार को चार टैंकर और तीन मालवाहक जहाज होर्मुज से गुजरे जिससे युद्धविराम के बाद से गुजरने वाले जहाजों की कुल संख्या कम से कम 12 हो गई है।
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