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इन घटनाओं के बीच ईरानी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बघाई ने कहा कि लेबनान में युद्धविराम अमेरिका के साथ हुई बातचीत का हिस्सा था। पाकिस्तानी पक्ष ने भी इसकी पुष्टि की है। ईरानी प्रतिनिधिमंडल हिजबुल्लाह के संपर्क में है।
इजरायली सेना ने 24 घंटे के भीतर लेबनान में हिजबुल्लाह के 200 से अधिक ठिकानों पर हमले का दावा किया है। सेना के मुताबिक, उसके वायुसेना के विमानों ने दक्षिणी लेबनान में हिजबुल्लाह के अड्डों को निशाना बनाया। एक्स पर जारी आधिकारिक पोस्ट में इजरायली रक्षा बल (IDF) ने कहा कि यह ऑपरेशन जारी रहेगा। आईडीएफ ने दावा किया कि इन हमलों से हिजबुल्लाह की सैन्य क्षमता को भारी नुकसान पहुंचा है। इस बीच क्षेत्र में तनाव जारी है, क्योंकि इजरायल हिजबुल्लाह को कमजोर करने के लिए निरंतर कार्रवाई कर रहा है।
इन घटनाओं के बीच ईरानी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बघाई ने कहा कि लेबनान में युद्धविराम अमेरिका के साथ हुई बातचीत का हिस्सा था। पाकिस्तानी पक्ष ने भी इसकी पुष्टि की है। ईरानी प्रतिनिधिमंडल हिजबुल्लाह के संपर्क में है और स्थिति पर जरूरी फैसले ले रहा है। ईरानी मीडिया प्रेस टीवी के अनुसार, यह जानकारी ईरान-पाकिस्तान-अमेरिका के बीच त्रिपक्षीय वार्ता के शुरू होने के साथ आई है।
पाकिस्तानी राजधानी में एक अहम बैठक
इस्लामाबाद में हो रही ये बातचीत 1979 की इस्लामी क्रांति के बाद अमेरिका और ईरान के बीच उच्चतम स्तर की चर्चा मानी जा रही है। ईरानी टीम ने औपचारिक वार्ता से पहले पाकिस्तानी राजधानी में रणनीतिक बैठक की। इस्लामाबाद के सेरेना होटल में ये बातचीत हो रही है, जहां कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच अमेरिकी और ईरानी प्रतिनिधि पहुंचे हैं। अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वैंस ने पाकिस्तानी प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ से मुलाकात की।
ईरानी संसद स्पीकर मोहम्मद बागेर गालिबाफ और विदेश मंत्री अब्बास अराकची ने भी प्रधानमंत्री से मुलाकात की। पाकिस्तानी प्रधानमंत्री ने इन वार्ताओं को मेक-ऑर-ब्रेक यानी निर्णायक बताया है। 8 अप्रैल को घोषित युद्धविराम को स्थिर करने और क्षेत्रीय सुरक्षा के भविष्य पर चर्चा का लक्ष्य है। होटल के बाहर सुरक्षा के कड़े इंतजाम और गतिविधियां दिख रही हैं। ईरान के उपराष्ट्रपति मोहम्मद रेजा आरेफ ने एक्स पर लिखा कि बातचीत का नतीजा अमेरिकी रुख पर निर्भर करेगा। अगर अमेरिका फर्स्ट की सोच वाले प्रतिनिधि मिले तो दोनों पक्षों और दुनिया के लिए फायदेमंद समझौता संभव है।
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