Source :- LIVE HINDUSTAN
चीनी ‘नास्त्रेदमस’ ने तीन जो भविष्यवाणियां की थीं, वह कुछ इस तरह थी। डोनाल्ड ट्रंप सत्ता में वापस आएंगे। वह ईरान के साथ युद्ध की शुरुआत करेंगे और तीसरी भविष्यवाणी ईरान से अमेरिका यह युद्ध हार जाएगा। जियांग की तीन भविष्यवाणियों में पहली दो सच हो गई है।
ईरान और अमेरिका के बीच भीषण जंग जारी है। इजरायल अमेरिका के साथ है और दोनों मिलकर ईरान पर हमले कर रहे हैं। ईरान ने भी पलटवार करते हुए इजरायल और गल्फ देशों में मौजूद अमेरिकी बेस को निशाना बना रहा है। इन सबमें चीन और रूस जैसे देशों से ईरान को समर्थन मिला है। माना जा रहा है कि यह युद्ध लंबा खिंच सकता है। इस बीच, चीन के नास्त्रेदमस कहे जाने वाले मशहूर यूट्यूब चैनल प्रोडक्टिव हिस्ट्री के होस्ट और प्रोफेसर जुएकिन जियांग ने चौंकाने वाली भविष्यवाणी की है। उनकी तीन भविष्यवाणियों में दो तो सच हो गई है, जबकि अब तीसरे पर नजर है। उन्होंने कहा है कि ईरान से अमेरिका यह युद्ध हार जाएगा।
प्रोफेसर ने साल 2024 में एक ऑनलाइन लेक्चर के समय यह दावा किया था, लेकिन अब यह वीडियो वायरल हो रहा है। उन्होंने उस समय तीन जो भविष्यवाणियां की थीं, वह कुछ इस तरह थी। डोनाल्ड ट्रंप सत्ता में वापस आएंगे। वह ईरान के साथ युद्ध की शुरुआत करेंगे और तीसरी भविष्यवाणी ईरान से अमेरिका यह युद्ध हार जाएगा। जियांग की तीन भविष्यवाणियों में पहली दो सच हो गई है। ट्रंप वापस सत्ता में आए और उन्होंने अमेरिका और ईरान के बीच युद्ध की शुरुआत की। बता दें कि जियांग चीन में फिलॉस्फी और हिस्ट्री के प्रोफेसर हैं। उन्होंने येल कॉलेज से ग्रेजुएशन किया है और यूट्यूब पर भी काफी एक्टिव रहते हैं। वह इसके जरिए देश-दुनिया के वर्तमान हालात, जियोपॉलिटिकल सिचुएशन, ग्लोबल इवेंट्स आदि पर चर्चा करते हैं और अपनी राय से लोगों को अवगत करवाते हैं।
इन भविष्यवाणियों के सच होने की वजह से जियांग सोशल मीडिया पर छा गए हैं। लोग उन्हें चीन का नास्त्रेदमस कहने लगे हैं। मालूम हो कि नास्त्रेदमस अपनी सटीक भविष्यवाणियों के लिए मशहूर थे। उनकी कई भविष्यवाणियां सच हो चुकी हैं। अब जियांग के पहले दो दावे सही होने की वजह से लोग उन्हें चीन का नास्त्रेदमस कहने लगे। करीब दो साल पहले ही जियांग ने अपने वीडियो में बता दिया था कि ट्रंप के सत्ता में वापस आने के बाद ईरान और अमेरिका के बीच टकराव हो सकता है। हालांकि, यह टकराव अमेरिका के लिए बहुत भारी पड़ेगा। उन्होंने ईरान में पहाड़ी इलाकों, लंबी सप्लाई लाइन और घरेलू विरोध का उदाहरण देते हुए कहा था कि ये सब अमेरिका के लिए बहुत मुश्किल बना देगा।
SOURCE : LIVE HINDUSTAN



