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अमेरिका का मजाक उड़ाने लगा पाकिस्तान, होर्मुज का नाम लेकर कस दिया तंज

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Source :- LIVE HINDUSTAN

एक दिन पहले ही अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने जीत का दावा करते हुए कहा था कि ईरान परमाणु हथियार कभी नहीं रखने पर सहमत हो गया है और उसने स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से जुड़ी एक ‘महत्वपूर्ण सौगात’ भेजी है।

युद्ध के बीच सुलह कराने की कोशिश कर रहा पाकिस्तान अब अमेरिका पर तंज कसता नजर आ रहा है। मुल्क के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने कहा है कि ऐसा लग रहा है कि युद्ध की वजह बदल गई है और अब ध्यान स्ट्रेट ऑफ होर्मुज खुलवाने पर लगा है। यह बयान ऐसे समय पर आया है, जब पाकिस्तान ने अमेरिका और ईरान के बीच मध्यस्थता करने और बातचीत की मेजबानी की पेशकश की है।

आसिफ ने लिखा, ‘ऐसा लगता है कि युद्ध का लक्ष्य अब स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को खोलना हो गया है, जो युद्ध से पहले खुला था।’ खास बात है कि हाल ही में अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने होर्मुज खुलवाने के लिए देशों से साथ आने की अपील की थी। युद्ध के बीच ईरान ने स्ट्रेट ऑफ होर्मुज बंद करने का ऐलान किया था, जिसके चलते दुनिया के कई देशों में ईंधन सप्लाई ठप हो गया था।

ईरान ने अमेरिका को दे दिया झटका

ईरान ने बुधवार को पश्चिम एशिया में युद्धविराम के अमेरिका के प्रस्ताव को खारिज कर दिया और इजरायल व खाड़ी अरब देशों पर हमले तेज कर दिए। ईरान ने कुवैत अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे को भी निशाना बनाया, जिससे वहां भीषण आग लग गई। ईरान ने यह जवाबी हमले ऐसे समय में किए हैं, जब इजरायल ने तेहरान पर हवाई हमले किए और वाशिंगटन ने क्षेत्र में पैराट्रूपर्स व अधिक संख्या में मरीन सैनिकों की तैनाती की।

पीटीआई भाषा के अनुसार, ईरान के सरकारी समाचार प्रसारक ‘प्रेस टीवी’ ने एक अज्ञात अधिकारी के हवाले से बताया कि ईरान ने अमेरिका के युद्धविराम प्रस्ताव को अस्वीकार कर दिया है।

प्रेस टीवी की यह खबर पाकिस्तान की तरफ से ईरान को प्रस्ताव भेजे जाने के बाद आई है। प्रेस टीवी ने अधिकारी के हवाले से बताया, ‘ईरान युद्ध तभी समाप्त करेगा जब वह ऐसा चाहेगा और जब उसकी शर्तें पूरी होंगी।’ अधिकारी ने बताया कि तेहरान पश्चिम एशिया में अपने ‘जोरदार हमले’ जारी रखेगा।

पाकिस्तान के हाथों भेजी थीं मांगें

एजेंसी के मुताबिक, एक अधिकारी ने अपनी पहचान गोपनीय रखने की शर्त पर बताया कि 15-सूत्री युद्धविराम योजना पाकिस्तान के मध्यस्थों के जरिये ईरान को सौंपी गई। पाकिस्तान ने अमेरिका और ईरान के बीच बातचीत में मध्यस्थता की पेशकश की है।

एजेंसी के अनुसार, ईरान को प्रस्ताव सौंपने वाले पाकिस्तान के दो अधिकारियों ने 15 बातों का जिक्र करते हुए बताया कि इसमें प्रतिबंधों में राहत, ईरान के परमाणु कार्यक्रम को वापस लेना, मिसाइलों की सीमा तय करना और स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को फिर से खोलना शामिल है। होर्मुज से दुनिया के 20 फीसदी तेल का आवागमन होता है।

ट्रंप ने किया था दावा

एक दिन पहले ही ट्रंप ने जीत का दावा करते हुए कहा था कि ईरान परमाणु हथियार कभी नहीं रखने पर सहमत हो गया है और उसने होर्मुज जलडमरूमध्य से जुड़ी एक ‘महत्वपूर्ण सौगात’ भेजी है। ट्रंप ने कहा कि ईरानी नेतृत्व ने होर्मुज जलडमरूमध्य और तेल की आपूर्ति से जुड़ी एक ‘महत्वपूर्ण सौगात’ अमेरिका को दी है।

ट्रंप ने कहा, ‘तो मेरे लिए इसका एक ही मतलब है कि हम सही लोगों से बातचीत कर रहे हैं। नहीं, यह (तोहफा) परमाणु हथियार से जुड़ा नहीं है। यह तेल और गैस से जुड़ा है।’ अमेरिकी राष्ट्रपति ने कहा कि ईरान के खिलाफ युद्ध जीत लिया गया है।

SOURCE : LIVE HINDUSTAN