Home व्यापार समाचार सोना-चांदी के भाव में गिरावट, जानिए क्या है वजह और क्या है...

सोना-चांदी के भाव में गिरावट, जानिए क्या है वजह और क्या है एक्सपर्ट्स की राय

14
0

Source :- LIVE HINDUSTAN

Gold Silver Price Today: MCX पर सोने का रेट सुबह प्रॉफिट बुकिंग के चलते गिर गया। MCX गोल्ड अप्रैल फ्यूचर्स लगभग आधा परसेंट गिरकर ₹1,62,638 प्रति 10 ग्राम पर आ गया, जबकि MCX सिल्वर मई फ्यूचर्स शुरुआती डील में लगभग 1% गिरकर ₹2,75,402 प्रति kg पर आ गया।

MCX पर सोने का रेट सुबह प्रॉफिट बुकिंग के चलते गिर गया। MCX गोल्ड अप्रैल फ्यूचर्स लगभग आधा परसेंट गिरकर ₹1,62,638 प्रति 10 ग्राम पर आ गया, जबकि MCX सिल्वर मई फ्यूचर्स शुरुआती डील में लगभग 1% गिरकर ₹2,75,402 प्रति kg पर आ गया। पिछले सेशन में, MCX गोल्ड अप्रैल फ्यूचर्स कॉन्ट्रैक्ट लगभग 2% बढ़कर ₹1,63,303 प्रति 10 ग्राम पर और सिल्वर मई फ्यूचर्स कॉन्ट्रैक्ट 4% बढ़कर ₹2,77,850 प्रति किलोग्राम पर सेटल हुआ था।

इंटरनेशनल मार्केट में सस्ता हुए सोना-चांदी

इंटरनेशनल मार्केट में आज बुधवार, 11 मार्च को सोने-चांदी के भाव गिरावट के साथ खुले हैं। अमेरिकी अधिकारियों द्वारा मध्य पूर्व संघर्ष को लेकर दिए गए बयानों के बाद ऊर्जा बाजारों में उतार-चढ़ाव बढ़ गया है, जिसका असर कीमती धातुओं पर भी देखने को मिल रहा है। स्पॉट गोल्ड रेट आज मामूली गिरावट के साथ कारोबार कर रहा है, हालांकि यह 5,200 डॉलर के स्तर से ऊपर बना हुआ है। एशियाई कारोबारी घंटों के दौरान सोने की कीमत 0.34 फीसदी की गिरावट के साथ 5,224 डॉलर प्रति औंस पर ट्रेड कर रही थी। वहीं, स्पॉट सिल्वर की कीमतों में भी गिरावट दर्ज की गई और यह 0.32 फीसदी लुढ़ककर 89.35 डॉलर प्रति औंस पर आ गई।

क्यों गिर रहे हैं सोने-चांदी के दाम?

एक ब्लूमबर्ग रिपोर्ट के मुताबिक, व्हाइट हाउस ने कहा है कि अमेरिका ने होर्मुज जलडमरूमध्य से किसी ऑयल टैंकर को एस्कॉर्ट नहीं किया। यह बयान क्रिस राइट के अब डिलीट किए जा चुके सोशल मीडिया पोस्ट के विपरीत है। मंगलवार को भारी गिरावट के बाद अब तेल की कीमतों में फिर से तेजी आई है। यह संघर्ष अब अपने 12वें दिन में प्रवेश कर चुका है और इसका असर पूरे मध्य पूर्व में क्रूड प्रोडक्शन और रिफाइनिंग ऑपरेशंस पर लगातार देखा जा रहा है।

निवेशक क्या करें?

टाटा म्यूचुअल फंड की मार्च 2026 की गोल्ड एंड सिल्वर आउटलुक रिपोर्ट के अनुसार, मजबूत फंडामेंटल्स और बाजार की अनिश्चितताओं को देखते हुए निवेशकों को सोने और चांदी दोनों में निवेश जारी रखना चाहिए। रिपोर्ट में कहा गया है कि मौजूदा भू-आर्थिक कारक, संरचनात्मक और चक्रीय फंडामेंटल फैक्टर्स के साथ मिलकर सोने-चांदी की कीमतों को सपोर्ट कर सकते हैं।

फर्म ने सुझाव दिया है कि निवेशक कीमतों में किसी भी गिरावट पर जमाखोरी का मौका तलाश सकते हैं। उनका मानना है कि पोर्टफोलियो में लॉन्ग टर्म इन्वेस्टमेंट के तौर पर गोल्ड में स्ट्रैटेजिक अलोकेशन के लिए मौजूदा बाजार का माहौल काफी अनुकूल है। वहीं चांदी को लेकर उनका कहना है कि यह एक विकासशील ग्रोथ स्टोरी है और इसका ट्रेंड इंडस्ट्रियल डिमांड में व्यापक सुधार पर काफी हद तक निर्भर करता है।

गोल्ड और सिल्वर का तकनीकी नजरिया

एनरिच मनी की सीईओ पोनमुदी आर के मुताबिक, पिछले ऑल-टाइम हाई को छूने के बाद सोना अब करेक्टिव फेज में प्रवेश कर गया है। हालांकि, ब्रॉडर बुलिश फ्रेमवर्क अभी भी बरकरार है। पिछले कंसोलिडेशन जोन से मजबूत ब्रेकआउट और लगातार मोमेंटम से इसे सपोर्ट मिल रहा है।

5,000-5,100 डॉलर के सपोर्ट बैंड पर मजबूत खरीदारी देखी जा रही है। अगर यह लेवल टूटता है तो कीमतें 4,900 डॉलर तक जा सकती हैं। लेकिन जब तक सोना 5,000 डॉलर के सपोर्ट जोन से ऊपर बना रहता है, बुलिश ट्रेंड डोमिनेंट बना रहेगा। 5,400-5,600 डॉलर के ऊपर सस्टेन्ड ब्रेकआउट नए रिकॉर्ड हाई का रास्ता खोल सकता है।

सिल्वर आउटलुक

चांदी के आउटलुक पर पोनमुदी ने कहा कि हायर टाइमफ्रेम पर ब्रॉडर बुलिश स्ट्रक्चर अभी भी बरकरार है। कीमतों ने मेजर मूविंग एवरेज को फिर से हासिल कर लिया है, जो करेक्शन से संभावित मजबूती की ओर बढ़ने का संकेत है। 76-80 डॉलर के सपोर्ट जोन पर मजबूत खरीदारी देखी जा रही है। 90-95 डॉलर के ऊपर सस्टेन्ड रिकवरी 100-110 डॉलर की ओर मोमेंटम को फिर से जगा सकती है और पिछले ऑल-टाइम हाई को रीटेस्ट करा सकती है। सेफ-हेवन डिमांड और बदलते वैश्विक संकेतों के चलते मीडियम से लॉन्ग टर्म आउटलुक सकारात्मक बना हुआ है।

SOURCE : LIVE HINDUSTAN